Om Jai Jagdish Hare Aarti


ॐ जय जगदीश हरे
स्वामी जय जगदीश हरे
भक्त जनों के संकट, दास जनों के संकट, क्षण में दूर करे
ॐ जय जगदीश हरे

मात पिता तुम मेरे, शरण गहूं किसकी
प्रभु शरण गहूं किसकी
तुम बिन और न दूजा
प्रभु बिन और न दूजा, आस करूं मैं किसकी
ॐ जय जगदीश हरे

तुम करुणा के सागर, तुम पालनकर्ता
स्वामी तुम पालनकर्ता
मैं मूरख खलकामी, मैं सेवक तुम स्वामी
कृपा करो भर्ता
ॐ जय जगदीश हरे

तुम पूरण परमात्मा, तुम अन्तर्यामी, प्रभु तुम अन्तर्यामी
पारब्रह्म परमेश्वर, पारब्रह्म परमेश्वर, तुम सब के स्वामी
ॐ जय जगदीश हरेजय जगदीश हरे
स्वामी जय जगदीश हरे
भक्त जनों के संकट, दास जनों के संकट, क्षण में दूर करे
ॐ जय जगदीश हरे


Theme Made By www.softbaba.com